सोमवार, 10 अक्तूबर 2011

जगजीत गीत अमर

9 टिप्‍पणियां:

  1. होठों से छुआ और गीतों को अमर कर दिया।
    गायकी ने जगजीत सिंह को अमर कर दिया।

    उत्तर देंहटाएं
  2. अलग किस्म की याद…जगजीत गजलें भी लिखते थे शायद…अपनी गजलें गाने वाले भी थे शायद…लेकिन सब कुछ …

    उत्तर देंहटाएं
  3. एक पूरी पीढी को अपने भावनात्मक गायन के इन्द्रधनुष से भिगोया है उन्होंने - अश्रुपूरित श्रद्धांजलि!

    उत्तर देंहटाएं
  4. जगजीत सिंह सदा हमारे साथ रहेंगे। अपनी सुनहली आवाज के रूप में।

    श्रद्धांजलि।

    उत्तर देंहटाएं

कृपया विषय से सम्बन्धित टिप्पणी करें और सभ्याचरण बनाये रखें।
साइट प्रचार के उद्देश्य से की गयी या व्यापार सम्बन्धित सामग्री वाली टिप्पणियाँ स्वत: स्पैम में चली जाती हैं, जिनका उद्धार सम्भव नहीं क्यों कि उनसे दूसरी समस्यायें भी जन्म लेती हैं। अग्रिम धन्यवाद।